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Sat. Feb 24th, 2024


भारतीय बाजार में विदेशी उपभोक्ताओं के रुख में बदलाव देखने को मिल रहा है। पिछले कुछ महीनों से शॉपिंग शॉप कर रहे विदेशी पोर्टफोलियो एनालिस्ट अब बिकवाल बन गए हैं। नए साल के दूसरे हफ्ते में विदेशी बाजारों का रुख बदल रहा है।

पिछले सप्ताह की इतनी बिकवाली

बाजार के आंकड़ों के अनुसार, 12 जनवरी को समाप्त सप्ताह के दौरान एफ प्लाजा ने 2,477 करोड़ रुपये की भारतीय इक्विटीज की शुद्ध बिक्री की। इससे पहले विदेशी पोर्टफोलियो बिजनेस कॉस्ट्यूम खरीदे जा रहे थे। साल 2024 के पहले सप्ताह यानी 5 जनवरी को खत्म हुए सप्ताह के दौरान एफ थोक ने 4,436.05 करोड़ रुपये के स्टॉक की शुद्ध खरीदारी की। दिसंबर माह में भी एफ.

नई पर घरेलू बाजार

हालाँकि, पिछले सप्ताह की बिकवाली के बाद भी एफ. पिछले हफ्ते के दौरान बिल्डर और वैयक्तिक ने करीब 1-1 फिफ्टी फ्रेंड्स और दोनों प्रमुख घरेलू अपनी नई लाइफटाइम्स हाई तक पहुंच गए। शुक्रवार को 72,500 एंक के पार अर्निंग बंद हो गई, तो अमेरीका 50 एंक के पार 21,900 एंक के पार चढ़ने में सफल रही।

पिछला साल बना ये इतिहास

पिछले वर्ष एफ. साल 2023 इस दौरान एफ अभियोजकों ने 1.77 लाख करोड़ रुपये की भारतीय स्टॉक की दुकान की थी, जो किसी भी एक साल का सबसे बड़ा पात्र है। पूरे साल में कुल निवेश का एक एकल दिसंबर महीने में आया था। इस तरह दिसंबर महीने में निवेश के लिए आवेदन से 2023 का सबसे बड़ा महीना रहा।

आगे को लेकर अच्छा है उम्मीद है

एफ.एफ. पोर्टफोलियो की बिकवाली का सबसे बड़ा कारण अमेरिका में ब्याज दर को लेकर अनिश्चितता है। अमेरिका में एक बार फिर से तेजी से प्रवेश करने की संभावना बनी हुई है। ऐसे में एफ एफ बिजनेस उभरते बाजार में बिकवाल हो गए। हालाँकि आने वाले दिनों की बात करें तो प्रोस्पेक्ट इंस्पेक्टर के लिए यह अच्छा लग रहा है। 2024 में लेट-सबेर ब्याज की बुकिंग नीचे आ गई है, ऐसे में एफ खरीदारी की तेजी हो सकती है।

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