Breaking
Sat. May 18th, 2024

[ad_1]

पीएसयू स्टॉक: पिछले एक साल में सरकारी क्षेत्र के शेयर बाजार में लिस्टेड स्टॉक्स ने एलेमीथेड रिटर्न दिया है। कई स्टॉक्स ऐसे भी हैं, जिन्होंने मल्टीबैगर रिटर्न्स को बेच दिया है। लेकिन कोटक इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के रिसर्च रिपोर्ट के मुताबिक, अब पीएससी स्टॉक्स से मोह भंग हो रहा है। कोटक का कहना है कि पिछले दो महीने में सरकारी क्षेत्र के एजेंसियों के स्टॉक की डिलीवरी के लिए खरीदारी में कमी आई है।

पीएससीयू स्टॉक्स में आई तेजी क्यों?

कोटक इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी ने अपनी रिपोर्ट में सरकारी क्षेत्र के एसोसिएट्स स्टॉक्स में तेजी के तीन कारण बताए हैं। पहले कुछ पीएससीयू स्टॉक्स के फंडामेंटल में सुधार देखने को मिला है। दूसरे पीएससी स्टॉक्स में कुछ मामलों में बेहद मजबूत नैरेटिव्स स्थापित किया गया है। तीसरे तीन पीएससी स्टॉक्स के मामले में फ्री-फ्लोट शेयर बेहद कम हैं। रिपोर्ट के मुताबिक कम फ्री-फ्लोट वाले स्टॉक्स में बहुत ज्यादा डिलिवरी देखने को मिला था, इसमें बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। कोटक के अनुसार लो फ्री-फ्लोट वाले पीएसयू स्टॉक्स ने औसत से अधिक फ्री-फ्लोट वाली सोसायटी के स्टॉक्स ने शानदार प्रदर्शन किया है।

यू पी एस स्टॉक ने दिया था पैरामीटर्स रिटर्न्स

कोटक इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले 6 से 12 महीने में भारतीय शेयर बाजार ने बेहतर प्रदर्शन किया है। इसमें ऑयल, गैस, कंज्यूमेबल फ्यूल्स, पीएसयू और रियल एस्टेट ने शानदार प्रदर्शन किया है। वहीं सभी सेक्टरों के पीएससीयू ने छह महीने में बेहतरीन रिटर्न दिया है। रिपोर्ट के अनुसार पीएससीयू स्टॉक्स में डेमोक्रेसी की बेहद मजबूत नैरेटिव्स है जो भागीदारी को बढ़ावा देती है।

यू पीओएस स्टॉक्स में डिविलरी रेट घटा

कोटक इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड के अनुसार मिडकैप और स्मॉलकैप स्टॉक्स में डिलिवरी में स्थिरता बनी हुई है। यू पी एस मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में ज्यादातर मासिक डिलीवरी पिछले छह महीने में देखने को मिली थी। हालाँकि पिछले दो महीनों में पीएससीयू स्टॉक्स में डिलीवरी में कुछ गिरावट देखने को मिली है।

यू स्टॉक्स स्टॉक्स में तेजी के आसार कम

रिपोर्ट के मुताबिक ज्यादातर पीएससी स्टॉक जो आउटपरफॉर्मर रहे हैं, उन्होंने अपने 2025-26 के ई पीपीएस प्रॉडक्ट्स से कोई लेना देना नहीं है। सरकारी तेल विपणन कंपनियों के शेयरों में तेजी है। रिपोर्ट के मुताबिक 12 से 24 महीने में अर्निंग रिसर्च को लेकर रेटिंग नहीं है, ऐसे में पिछले छह महीने में इन स्टॉक्स में तेजी लाना बेहद मुश्किल है।

ये भी पढ़ें

वॉरेन बफेट: सफल निवेशक बनने के लिए रट सहयोगी वॉरेन बफेट के ये 15 मंत्र, भरेगा हिस्सा

[ad_2]

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *