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चीनी उत्पादन: चीनी उत्पादन में दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा देश भारत के उत्पादकों को लेकर ऐसी खबरें आ रही हैं जो चिंता का कारण बन सकती हैं। देश में चीनी के आंकड़े हाल-फिलहाल में तो बढ़ती ही नजर आ रही हैं और अब चीनी उत्पादों के कम रहने से ये आशंका उठ रही है कि आगे चीन के औसत के लिए ज्यादा खर्च करना पड़ सकता है।

इस साल चीनी विपणन वर्ष में एक अक्टूबर से 15 दिसंबर के दौरान भारत में चीनी उत्पादन 11 प्रतिशत हिस्सेदारी 74.05 लाख टन रह गया। इस ग्रेड के आधार पर अनुमान लगाया गया है कि पिछले साल की इसी अवधि में चीनी उत्पादन 82.95 लाख टन था।

किन कारणों से आई चीनी के उत्पादन में गिरावट

उद्योग संगठन भारतीय चीनी मिल संघ (इस्मा) ने जानकारी दी है कि इस साल महाराष्ट्र और कर्नाटक में उत्पादन कम होने से ही देश में चीनी उत्पादन में गिरावट का मुख्य कारण बना है। इंडियन शुगर मिल्स एसोसिएशन के बयान के मुताबिक शुगर मार्केटिंग वर्ष 2023-24 में 15 दिसंबर तक चीनी उत्पादन 74.05 लाख टन तक रहा, जो पिछले साल का कुल 8.9 लाख टन कम है और प्रतिशत में देखें तो 11 प्रतिशत की गिरावट आ रही है।

महाराष्ट्र और कर्नाटक की चीनी मिलों में देरी से काम शुरू हुआ

इंडियन शुगर मिल्स एसोसिएशन के अनुसार, “इस साल महाराष्ट्र और कर्नाटक की चीनी मिल में पिछले साल की तुलना में करीब 10-15 दिन बाद काम शुरू हुआ और चालू जनरल की संख्या का आधार 497 ही है।”

महाराष्ट्र-कर्नाटक में कितना घटा चीनी उत्पाद-ISMA के आंकड़े जानें

चीनी वर्ष के दौरान 1 अक्टूबर से 15 दिसंबर तक महाराष्ट्र में चीनी उत्पादन 33.02 लाख टन से बढ़कर 24.45 लाख टन रहा। कर्नाटक में उत्पादन 19.20 लाख टन से बढ़कर 16.95 लाख टन हो गया।

यूपी में उन्नत है बिजली उत्पादन

2023-24 के दौरान उत्तर प्रदेश में चीनी उत्पादन का उछाल 22.11 लाख टन रहा, जबकि एक साल पहले इसी अवधि में यह 20.26 लाख टन था। ये 1 अक्टूबर से 15 दिसंबर तक का किरदार है.

केंद्र सरकार ने चीनी निर्यात पर स्टॉक में रखा है

इस्मा ने पिछले सप्ताह अनुमान दिया था कि विपणन वर्ष 2023-24 में कुल चीनी उत्पादन 325 मिलियन टन (एथनॉल के उपयोग के बिना) होने की उम्मीद है। देश के पास 56 लाख टन की स्टोरेज है और देश के पास 285 लाख टन रहने का अनुमान है। घरेलू सुपरमार्केट को बढ़ावा देने और आईआईटी को नियंत्रित करने के लिए सरकार ने चालू विपणन वर्ष में चीनी के एक्सपोर्ट को मंजूरी नहीं दी है। विपणन वर्ष 2022-23 में भारत ने 64 लाख टन चीनी का निर्यात किया था।

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